स्वास्थ्य मंत्रालय के ताजा आंकड़ों के मुताबिक, दिल्ली में वर्तमान में 691 सक्रिय कोरोना मामले हैं। पिछले 24 घंटों में 37 नए संक्रमित मरीजों की पुष्टि हुई है, जबकि इसी अवधि में 104 मरीज स्वस्थ होकर घर लौटे हैं। कुल मिलाकर इस वर्ष की शुरुआत यानी 1 जनवरी 2025 से अब तक 1,024 मरीज कोविड-19 संक्रमण से पूरी तरह ठीक हो चुके हैं।
रविवार को सामने आए आंकड़ों के अनुसार, उस दिन दिल्ली में 21 नए मामले सामने आए थे और 132 लोग संक्रमण से ठीक हुए थे। उस समय राजधानी में 686 सक्रिय मामले दर्ज किए गए थे।
कोरोना के नए मामलों की संख्या अपेक्षाकृत कम है, लेकिन विशेषज्ञों और डॉक्टरों का कहना है कि स्थिति को लेकर किसी भी तरह की लापरवाही भारी पड़ सकती है, खासतौर पर बुजुर्गों और पहले से बीमार मरीजों के लिए। डॉक्टरों ने चेतावनी दी है कि कोरोना का संक्रमण गंभीर रूप ले सकता है, खासकर अगर लोग लक्षणों को नजरअंदाज करें या मास्क, सैनिटाइजेशन और भीड़ से दूरी जैसी सावधानियों का पालन न करें।
विशेषज्ञों का मानना है कि भले ही कोविड की मौजूदा लहर उतनी तीव्र नहीं है जितनी कि पहले की लहरें थीं, फिर भी वायरस के नए वैरिएंट्स और बुजुर्गों में इसके प्रभाव को हल्के में नहीं लेना चाहिए।
स्वास्थ्य मंत्रालय और दिल्ली सरकार की अपील है कि नागरिक सतर्क रहें, कोविड प्रोटोकॉल का पालन करें और जिन लोगों को अब तक बूस्टर डोज़ नहीं लगी है, वे जल्द से जल्द वैक्सीनेशन करवाएं।





