राष्ट्रपिता महात्मा गांधी की 157वीं जयंती (2 अक्टूबर 2026) के अवसर पर देश भर में उन्हें याद किया जा रहा है। इसी क्रम में कांग्रेस के शीर्ष नेतृत्व ने नई दिल्ली स्थित उनके समाधि स्थल राजघाट पहुंचकर पुष्पांजलि अर्पित की और उन्हें नमन किया। कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे और लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने बापू की समाधि पर फूल चढ़ाकर उनके दिखाए मार्ग पर चलने का संकल्प दोहराया।
नेताओं के संदेश और विचार
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मल्लिकार्जुन खरगे का संदेश: कांग्रेस अध्यक्ष ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'एक्स' पर लिखा कि सत्य, अहिंसा और सत्याग्रह को अन्याय के खिलाफ सबसे प्रभावशाली अस्त्र बनाने वाले महात्मा गांधी ने पूरी दुनिया को मानवता और शांति का मार्ग दिखाया। वर्तमान समय की चुनौतियों से निपटने के लिए उनके विचारों पर अडिग रहना ही उन्हें सच्ची श्रद्धांजलि है।
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राहुल गांधी के विचार: राहुल गांधी ने कहा कि सत्य, अहिंसा और निर्भयता बापू की सबसे बड़ी विरासत हैं। उन्होंने सिखाया कि अन्याय के सामने कभी नहीं झुकना चाहिए और सत्य के साथ डटे रहना ही मनुष्य की असली ताकत है।
महात्मा गांधी का ऐतिहासिक योगदान
2 अक्टूबर 1869 को गुजरात के पोरबंदर में जन्मे महात्मा गांधी ने सत्य और अहिंसा के बल पर भारतीय स्वतंत्रता संग्राम को एक ऐतिहासिक दिशा दी। उनके नेतृत्व में चलाए गए असहयोग आंदोलन, नमक सत्याग्रह और 'भारत छोड़ो आंदोलन' ने ब्रिटिश साम्राज्य की नींव हिला दी थी। उनके इन महान सिद्धांतों ने न केवल भारत बल्कि दुनियाभर के कई मुक्ति आंदोलनों को प्रेरित किया।
इस अवसर पर कांग्रेस पार्टी के अन्य वरिष्ठ नेताओं ने भी बापू के जीवन और उनके विचारों को याद करते हुए देश में सद्भाव और न्याय बनाए रखने का आह्वान किया।





