पीएम मोदी ने अपने पत्र में उल्लेख किया कि हाल ही में एक कार्यक्रम के दौरान उनकी प्रसिद्ध अंतरिक्ष यात्री माइक मैसिमिनो से मुलाकात हुई, जहां सुनीता विलियम्स का जिक्र आया। उन्होंने कहा, "हमने चर्चा की कि आपके कार्यों पर हमें कितना गर्व है। इस बातचीत के बाद, मैं आपको पत्र लिखने से खुद को रोक नहीं सका।"
प्रधानमंत्री ने यह भी साझा किया कि अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और जो बाइडन से हुई मुलाकातों के दौरान उन्होंने हमेशा सुनीता विलियम्स की कुशलता और भलाई के बारे में पूछा।
पीएम मोदी ने पत्र में सुनीता विलियम्स के परिवार का भी जिक्र किया। उन्होंने लिखा, "बोनी पंड्या निश्चित रूप से आपकी वापसी की प्रतीक्षा कर रही होंगी और मुझे विश्वास है कि स्वर्गीय दीपकभाई की शुभकामनाएं भी आपके साथ हैं। मुझे 2016 में अमेरिका की यात्रा के दौरान आपसे और दीपकभाई से मिलने की यादें आज भी ताजा हैं।"
उन्होंने अंत में लिखा, "आपकी वापसी के बाद, हम भारत में आपका गर्मजोशी से स्वागत करने के लिए उत्सुक हैं। यह हमारे लिए गर्व की बात होगी कि हम अपनी एक प्रतिष्ठित बेटी की मेजबानी करें। साथ ही, मैं माइकल विलियम्स को अपनी हार्दिक शुभकामनाएं भेजता हूं और आपको एवं बैरी विलमोर को सुरक्षित वापसी के लिए शुभकामनाएं देता हूं।"
प्रधानमंत्री मोदी का यह पत्र सुनीता विलियम्स के प्रति गहरा स्नेह और सम्मान प्रकट करता है। यह न केवल उनकी उपलब्धियों की सराहना करता है, बल्कि भारत की ओर से एक भावनात्मक जुड़ाव भी दर्शाता है।
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