NCP (शरद पवार गुट) के प्रदेश अध्यक्ष सुनील तटकरे ने The Indian Express से बातचीत में कहा कि अगर दोनों गुटों के एक साथ आने का कोई औपचारिक प्रस्ताव आता है तो पार्टी का कोर ग्रुप उस पर विचार करेगा। हालांकि उन्होंने यह भी जोड़ा कि फिलहाल इस एकता की संभावना बहुत कम है, क्योंकि उनका गुट महायुति के साथ बना रहेगा।
इससे पहले शरद पवार ने यह भी कहा था कि पार्टी के कुछ नेता चाहते हैं कि विकास कार्यों के लिए अजित पवार गुट से हाथ मिलाया जाए, जबकि कुछ नेता इस विचार से सहमत नहीं हैं। उन्होंने खुद को इस निर्णय प्रक्रिया से अलग बताया है और कहा कि यह जिम्मेदारी सुप्रिया सुले पर छोड़ दी गई है।
शरद पवार के पोते और युवा नेता रोहित पवार ने भी इस मुद्दे पर समर्थन जताते हुए कहा कि उन्हें लगता है कि "एक परिवार के रूप में हमें एकजुट होना चाहिए।" इससे पहले The Indian Express को दिए एक इंटरव्यू में शरद पवार ने दोनों गुटों के एक होने की संभावना को नकारा नहीं था, बल्कि खुद को निष्पक्ष भाव से देख रहे व्यक्ति के रूप में प्रस्तुत किया था। गौरतलब है कि जून 2023 में एनसीपी में बड़ा विभाजन हुआ था, जब अजित पवार 40 विधायकों के साथ पार्टी छोड़कर महाराष्ट्र सरकार में शामिल हो गए थे।





