मोदी झूठ बोलने वाली मशीन
प्रधानमंत्री को जवाब देते हुए राहुल गांधी ने एक्स पर लिखा कि एक हताश, निराश और हारे हुए प्रधानमंत्री कह रहे हैं कि कांग्रेस आपके घर का कमरा छीन लेगी , कांग्रेस आपके गले का मंगलसूत्र छीन लेगी, कांग्रेस आपकी भैंस छीन लेगी। राहुल ने लिखा की नरेंद्र मोदी ऐसी बहकी-बहकी और झूठी बातें इसलिए कर रहे हैं क्योंकि कांग्रेस उनकी 300 में से 150 से ज्यादा सीटें छीन कर सरकार बना रही है। इस डर में मोदी, प्रधानमंत्री की गरिमा भूल ‘झूठ की मशीन’ बन गये हैं। इंडिया गठबंधन की सरकार बनी तो जनता से कुछ छीना नहीं, बल्कि उन्हें दिया जाएगा। राहुल ने लिखा कांग्रेस उतना ही पैसा जनता को देगी जितना मोदी ने अपने अरबपति मित्रों पर लुटाया है। हमारी सरकार ‘अडानियों’ की नहीं ‘हिंदुस्तानियों’ की होगी।
राहुल गांधी ने बताया मोदी के आरक्षण हटाओ का मंत्र
राहुल गांधी ने प्रधानमंत्री पर तीखा हमला बोलते हुए गुरुवार को एक्स पर लिखा कि नरेंद्र मोदी के आरक्षण हटाओ अभियान का मंत्र है- न रहेगा बांस, न बजेगी बांसुरी, मतलब न रहेगी सरकारी नौकरी, न मिलेगा आरक्षण। राहुल ने लिखा कि भाजपा सरकार ‘अंधे निजीकरण’ से सरकारी नौकरियों को खत्म कर चुपके-चुपके दलितों, आदिवासियों और पिछड़ों से आरक्षण छीन रही है। 2013 में पब्लिक सेक्टर में 14 लाख स्थायी पद थे, जो 2023 तक आते आते सिर्फ 8.4 लाख ही बचे। BSNL, SAIL, BHEL आदि जैसे टॉप सार्वजनिक क्षेत्र को बर्बाद कर लगभग 6 लाख पक्की नौकरियां को ख़त्म कर दिया। ये वही पद हैं जहां आरक्षण का लाभ मिलता था। सरकारी कार्यों को ठेके पर देकर रेलवे जैसे संस्थानों में जो नौकरियां बैक डोर से ख़त्म की जा रही हैं उनकी तो कोई गिनती ही नहीं है। मोदी मॉडल का ‘निजीकरण’ देश के संसाधनों की लूट है, जिसके जरिए वंचितों का आरक्षण छीना जा रहा है।
दो चरण के बाद डर चुके है मोदी
उधर, कांग्रेस के राज्यसभा सांसद राजीव शुक्ला ने भी बीजेपी नेताओं पर झूठ बोलने का आरोप लगाया है। उन्होंने कहा कि दुर्भाग्य यह है कि बीजेपी के राष्ट्रीय स्तर के नेता भी कांग्रेस के घोषणा पत्र "न्याय पत्र" को लेकर झूठ फैला रहे हैं। इन लोगों ने राजनीति में शुचिता, मर्यादा को एकदम खत्म कर दिया है। उन्होंने कहा कि अटल बिहारी वाजपेयी की विरासत को भी बीजेपी ने भुला दिया है। आज की बीजेपी कहती है कि इस देश में जो हुआ सब 2014 के बाद ही हुआ है। बीजेपी को दो चरण के मतदान के बाद हार का डर सताने लगा है इसलिए प्रधानमंत्री मोदी ने झूठ और हिंदू मुस्लिम की राजनीति करना शुरू कर दिया है।





