सूत्रों के अनुसार, इस विमान की पिछली विस्तृत मेंटेनेंस जांच जून 2023 में की गई थी, और अगली जांच दिसंबर 2025 में प्रस्तावित थी। अप्रैल 2025 में एयर इंडिया ने अपनी बोइंग 787-8 ड्रीमलाइनर फ्लीट का बीमा कवर भी 750 करोड़ रुपये से बढ़ाकर 850 करोड़ रुपये कर दिया था।
विमान संख्या AI-171 ने अहमदाबाद के सरदार वल्लभभाई पटेल अंतर्राष्ट्रीय हवाई अड्डे से उड़ान भरी थी, लेकिन कुछ ही मिनटों में यह मेघानी नगर क्षेत्र में स्थित एक मेडिकल हॉस्टल की इमारत से टकरा गया। इस इमारत में मौजूद लोगों सहित हादसे में कुल मृतकों की संख्या 270 से अधिक पहुंच गई है। मलबे से निकाले गए शव बुरी तरह जल चुके हैं, और मृतकों की पहचान डीएनए जांच के माध्यम से की जा रही है। इस दुर्घटना में गुजरात के पूर्व मुख्यमंत्री विजय रूपाणी की भी मौत हो गई है।
दुर्घटना के तुरंत बाद नागरिक उड्डयन महानिदेशालय (DGCA) ने एयर इंडिया की बोइंग 787 ड्रीमलाइनर फ्लीट के लिए नए दिशा-निर्देश जारी किए हैं। इन विमानों की सघन तकनीकी जांच के आदेश दिए गए हैं। केंद्र सरकार ने हादसे की जांच के लिए राज्य के मुख्य सचिव की अध्यक्षता में एक उच्च स्तरीय समिति का गठन किया है, जिसे तीन महीने के भीतर विस्तृत रिपोर्ट सौंपनी होगी।





