यह पहल विशेष रूप से गैर-व्यावसायिक निजी वाहनों जैसे कार, जीप और वैन के लिए तैयार की गई है। इसका उद्देश्य राष्ट्रीय राजमार्गों पर यात्रा को अधिक तेज़, सरल और सुविधाजनक बनाना है। इस पास के लागू होने से निजी वाहन चालकों को बार-बार टोल भुगतान की झंझट से मुक्ति मिलेगी और टोल प्लाजा पर लगने वाली लंबी कतारों में भी कमी आएगी।
गडकरी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'एक्स' पर पोस्ट करते हुए बताया कि यह पास देशभर में निर्बाध और कुशल यात्रा को सुनिश्चित करेगा। उन्होंने यह भी कहा कि इस वार्षिक पास को सक्रिय करने और नवीनीकरण के लिए जल्द ही राजमार्ग यात्रा एप (Highway Travel App), NHAI और MoRTH की वेबसाइटों पर एक अलग लिंक उपलब्ध कराया जाएगा ताकि पूरी प्रक्रिया सरल और डिजिटल हो सके।
मंत्री ने यह भी स्पष्ट किया कि यह नीति उन टोल प्लाजा को ध्यान में रखकर बनाई गई है, जो 60 किलोमीटर की सीमा के भीतर स्थित हैं। गडकरी के अनुसार, यह योजना टोल भुगतान को एकल और सुलभ लेनदेन में बदल देगी, जिससे न सिर्फ लेन-देन में पारदर्शिता आएगी बल्कि विवाद की संभावनाएं भी कम होंगी।
अंत में उन्होंने दोहराया कि यह वार्षिक पास नीति देश के लाखों निजी वाहन चालकों के लिए यात्रा को अधिक तेज, सुगम और विवादमुक्त बनाने की दिशा में एक बड़ा कदम है। सरकार की यह पहल न केवल यात्रियों का समय बचाएगी बल्कि देश में डिजिटल टोल भुगतान प्रणाली को और अधिक मजबूत बनाएगी।





