यह बयान उस समय आया है जब अमेरिका ने भारत-पाकिस्तान के बीच उपजे संकट को शांत करने की कोशिशें तेज कर दी हैं। अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रुबियो ने शुक्रवार को पाकिस्तान के विदेश मंत्री इशाक डार से टेलीफोन पर बातचीत की।
अमेरिकी विदेश विभाग द्वारा जारी बयान में कहा गया कि रुबियो ने दोनों देशों से सीधे संवाद की अपील की और तनाव कम करने के लिए कूटनीतिक समाधान को प्राथमिकता देने पर ज़ोर दिया। उन्होंने स्पष्ट किया कि क्षेत्रीय स्थिरता के लिए बातचीत ही एकमात्र रास्ता है।
इसी बीच, शुक्रवार को पाकिस्तान ने एक बार फिर भारत के 26 विभिन्न स्थानों पर मिसाइल और ड्रोन हमले की कोशिश की। हालांकि भारतीय सेना ने इन सभी प्रयासों को नाकाम कर दिया और तुरंत जवाबी कार्रवाई की। भारतीय सैन्य अधिकारियों ने बताया कि पाकिस्तानी सेना ने जानबूझकर सीमावर्ती क्षेत्रों में एयरस्पेस बंद नहीं किया, जिससे नागरिक उड़ानों की सुरक्षा को खतरा पहुंचा।
भारतीय सेना ने चेताया है कि हर नापाक हरकत का सटीक जवाब दिया जाएगा और देश की सीमाओं की रक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है।
Read This Also:- परमाणु हड़बड़ाहट? पाकिस्तान ने पहले बुलाई बैठक, फिर बदल दिया बयान





