Molitics Logo
होम भारत का आर्थिक विकास नई ऊंचाइयों पर, उद्योगों को आगे आना चाहिए: प्रधानमंत्री मोदी

भारत का आर्थिक विकास नई ऊंचाइयों पर, उद्योगों को आगे आना चाहिए: प्रधानमंत्री मोदी

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मंगलवार (4 मार्च, 2025) को उद्योग जगत से केवल 'दर्शक' बने रहने के बजाय वैश्विक आपूर्ति श्रृंखला में सक्रिय रूप से भाग लेने |

भारत का आर्थिक विकास नई ऊंचाइयों पर, उद्योगों को आगे आना चाहिए: प्रधानमंत्री मोदी
फोटो: PM Modi
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मंगलवार (4 मार्च, 2025) को उद्योग जगत से केवल 'दर्शक' बने रहने के बजाय वैश्विक आपूर्ति श्रृंखला में सक्रिय रूप से भाग लेने और उपलब्ध अवसरों का पूरा लाभ उठाने का आह्वान किया। उन्होंने भारत को वैश्विक अर्थव्यवस्था के विकास इंजन के रूप में स्थापित करने पर जोर देते हुए उद्योगों को नवाचार, अनुसंधान और वैश्विक बाजार से जुड़ने के लिए प्रेरित किया। 

बजट के बाद नियामकीय, निवेश और व्यापार सुगमता सुधारों पर आयोजित एक वेबिनार में प्रधानमंत्री ने कहा, "भारत आज स्थिर नीतियों और अनुकूल कारोबारी माहौल की पेशकश कर रहा है। मैं उद्योग जगत से अपील करता हूं कि वे देश के विनिर्माण और निर्यात को नई ऊंचाइयों पर ले जाने के लिए ठोस कदम उठाएं।" उन्होंने उद्योग जगत को अनुसंधान एवं विकास (R&D) पर अधिक ध्यान केंद्रित करने और विदेशों में उच्च मांग वाले अभिनव उत्पादों के निर्माण पर जोर देने की सलाह दी। उन्होंने कहा कि इससे न केवल भारत के निर्यात को बढ़ावा मिलेगा, बल्कि वैश्विक व्यापार में भी देश की स्थिति मजबूत होगी।

भारत—एक भरोसेमंद साझेदार


प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि वर्तमान वैश्विक परिदृश्य में, दुनिया को एक भरोसेमंद साझेदार की आवश्यकता है, और भारत इस भूमिका को निभाने के लिए पूरी तरह तैयार है। उन्होंने कहा, "हमने कठिन समय में भी अपनी क्षमता और लचीलेपन को साबित किया है। उद्योग जगत को अब महज दर्शक नहीं बने रहना चाहिए, बल्कि वैश्विक आपूर्ति श्रृंखला में नए अवसरों की तलाश करनी चाहिए।" उन्होंने सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्यमों (MSMEs) के लिए ऋण वितरण के नए और प्रभावी तरीकों की आवश्यकता पर बल दिया, ताकि वे कम लागत में और समय पर वित्तीय सहायता प्राप्त कर सकें। प्रधानमंत्री ने बताया कि सरकार की उत्पादन-लिंक्ड प्रोत्साहन (PLI) योजना के तहत 14 विभिन्न क्षेत्रों में अब तक ₹1.5 लाख करोड़ से अधिक का निवेश आया है और इससे ₹13 लाख करोड़ का उत्पादन हुआ है। उन्होंने उद्योगों से इस योजना का अधिकतम लाभ उठाने का आग्रह किया।

कारोबार को आसान बनाने की सरकार की प्रतिबद्धता दोहराते हुए श्री मोदी ने बताया कि केंद्र और राज्य स्तर पर 40,000 से अधिक अनुपालनों को समाप्त कर दिया गया है, जिससे व्यापार करना सरल और सुगम हो गया है। उन्होंने यह भी कहा कि निवेश को आकर्षित करने में राज्यों की महत्वपूर्ण भूमिका होती है और वे राज्य, जो प्रगतिशील नीतियों को अपनाते हैं, निवेशकों के लिए अधिक आकर्षक बनते हैं। प्रधानमंत्री ने इस वर्ष के केंद्रीय बजट को 'गेम चेंजर' करार देते हुए कहा कि इसने न केवल लोगों की अपेक्षाओं को पार किया है, बल्कि आर्थिक विकास के लिए एक ठोस नींव भी तैयार की है। उन्होंने उद्योग जगत से वैश्विक प्रतिस्पर्धा में आगे बढ़ने और भारत को एक विनिर्माण व निर्यात शक्ति के रूप में स्थापित करने के लिए प्रतिबद्ध होने का आह्वान किया।

Read This Also:- उत्तराखंड के हर्षिल से पीएम मोदी का संदेश – आस्था, विकास और एकजुटता पर जोर