क्या कांग्रेस AIMIM को दे रही है समर्थन?
इस सीट पर पहले AIMIM-कांग्रेस और बाद में बीआरएस-कांग्रेस के बीच साझेदारी देखने को मिली है। हालांकि कांग्रेस खुद यह सीट कभी नहीं जीत पाई, लेकिन पूर्व में विजयी उम्मीदवारों की जीत में पार्टी का सहयोग महत्वपूर्ण रहा है।
इस बार भी कयास लगाए जा रहे थे कि कांग्रेस अपना उम्मीदवार उतारेगी, लेकिन पार्टी ने चुप्पी साधते हुए मैदान से दूरी बना ली। हालांकि तेलंगाना कांग्रेस अध्यक्ष बी. महेश कुमार गौड़ ने AIMIM को समर्थन देने की बात से इनकार किया है।
GHMC की इस सीट पर कुल 112 मतदाता हैं। इनमें सबसे अधिक 49 वोट AIMIM के पास हैं। बीजेपी के पास 25 और बीआरएस के पास 24 वोट हैं। कांग्रेस और उसके समर्थकों की संख्या 14 है।अगर सभी 112 वोट पड़ते हैं, तो जीत के लिए 57 वोटों की आवश्यकता होगी। यह संख्या AIMIM या बीजेपी के किसी के पास अकेले नहीं है।
दूसरी स्थिति में, यदि कांग्रेस, बीआरएस और उसके समर्थक मतदान से दूरी बना लेते हैं, तो कुल 74 वोट ही पड़ेंगे। इस स्थिति में जीत के लिए 37 वोट पर्याप्त होंगे, जो AIMIM के पास पहले से हैं। यही कारण है कि बीजेपी AIMIM की संभावित जीत को कांग्रेस और बीआरएस की 'मदद' बता रही है। फिलहाल इस सीट से एमएस प्रभाकर विधान परिषद सदस्य हैं, जिनका कार्यकाल 29 अप्रैल को समाप्त हो रहा है। उनके स्थान पर नया सदस्य चुनने के लिए यह चुनाव आयोजित किया गया है।





