Molitics Logo
होम दिल्ली स्कूल घोटाला: मनीष सिसोदिया ने एसीबी के समन को किया नजरअंदाज, खुद को बिजी बताया

दिल्ली स्कूल घोटाला: मनीष सिसोदिया ने एसीबी के समन को किया नजरअंदाज, खुद को बिजी बताया

दिल्ली के पूर्व उपमुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया ने एंटी करप्शन ब्यूरो (ACB) के समन पर पेश होने से इंकार कर दिया है। यह समन दिल्ली सरकार के स्कूलों में 12,000 |

दिल्ली स्कूल घोटाला: मनीष सिसोदिया ने एसीबी के समन को किया नजरअंदाज, खुद को बिजी बताया
फोटो: दिल्ली स्कूल घोटाला: मनीष सिसोदिया ने एसीबी के समन को किया नजरअंदाज, खुद को बिजी बताया
दिल्ली के पूर्व उपमुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया ने एंटी करप्शन ब्यूरो (ACB) के समन पर पेश होने से इंकार कर दिया है। यह समन दिल्ली सरकार के स्कूलों में 12,000 से अधिक कक्षाओं के निर्माण में कथित वित्तीय अनियमितताओं से जुड़े एक मामले में जारी किया गया था। सिसोदिया ने अपनी अनुपस्थिति के लिए व्यस्तता का हवाला दिया और एसीबी को अपने वकील के माध्यम से जवाब भेजा है। इस मामले में आम आदमी पार्टी (आप) के वरिष्ठ नेता मनीष सिसोदिया और लोक निर्माण विभाग के पूर्व मंत्री सत्येंद्र जैन को जांच में शामिल होने के लिए बुलाया गया था। सत्येंद्र जैन शुक्रवार को एसीबी के सामने पेश हुए, जहां उनसे पांच घंटे से अधिक समय तक पूछताछ हुई। 

हालांकि, मनीष सिसोदिया सोमवार को पेश नहीं हुए। एसीबी के अधिकारियों के अनुसार, सिसोदिया ने यह सूचित किया कि वह अपने व्यस्त कार्यक्रमों के कारण उपस्थित नहीं हो सकते और उन्हें एक अन्य तिथि पर दोबारा बुलाया जाएगा। एसीबी ने 30 अप्रैल को इस मामले में प्राथमिकी दर्ज की थी। आरोप है कि स्कूलों में कक्षाओं के निर्माण के दौरान 2,000 करोड़ रुपये की वित्तीय अनियमितताएं हुईं। यह भी कहा जा रहा है कि कक्षाओं का निर्माण अनुचित प्रक्रिया और अतिरिक्त खर्च के साथ किया गया। सिसोदिया पहले भी विवादों में रहे हैं। उन्हें दिल्ली शराब नीति से जुड़े कथित घोटाले के मामले में भी गिरफ्तार किया गया था और वह लंबे समय तक जेल में रहे। फिलहाल वह जमानत पर बाहर हैं और दिल्ली में पार्टी की हार के बाद पंजाब में पार्टी की स्थिति मजबूत करने के लिए सक्रिय हैं। पार्टी सूत्रों का कहना है कि सिसोदिया के पास सोमवार को पहले से तय कार्यक्रम थे, जिसके चलते वह एसीबी के समक्ष पेश नहीं हो सके। उनके वकील ने एसीबी को इस बारे में पहले ही सूचित कर दिया था। 

पार्टी का मानना है कि यह समन और आरोप राजनीतिक बदले की भावना से प्रेरित हो सकते हैं। इस मामले को लेकर दिल्ली की राजनीति में उबाल देखने को मिल रहा है। भाजपा ने सिसोदिया और आप पर भ्रष्टाचार के गंभीर आरोप लगाए हैं, जबकि आप का कहना है कि यह सभी आरोप निराधार हैं और पार्टी के नेताओं को राजनीतिक षड्यंत्र के तहत फंसाया जा रहा है।