TMC के राज्यसभा सांसद डेरेक ओ ब्रायन (Derek O'Brien) को सभापति जगदीप धनखड़ (Jagdeep Dhankhar) ने संसद के पूरे सत्र के लिए निलंबित कर दिया है। यह कार्रवाई सदन के दौरान उनके अमर्यादित व्यवहार के चलते की गई है।
डेरेक ओ ब्रायन अब राज्यसभा के बचे सत्र में हिस्सा नहीं ले पाएंगे, आपको बता दें इसके पहले आम आदमी पार्टी (Aam Aadmi Party) सांसद संजय सिंह (Sanjay Singh) को भी पूरे सत्र के लिए निलंबित किया जा चुका है।
राज्यसभा की कार्यवाही के दौरान मणिपुर हिंसा (Manipur Violence) मामलें पर चर्चा की मांग को लेकर जोरदार हंगामा हो रहा था, इसी दौरान TMC सांसद खड़े होकर चर्चा की मांग करने लगे थे। इस पर आसन पर मौजूद सभापति जगदीप धनखड़ ने डेरेक ओ ब्रायन को जोर से डाँटते हुए बैठने के लिए कहा लेकिन TMC सांसद सभापति के वार्निग के बाद भी चुप नहीं हुए।
जिसके बाद सभापति अपनी सीट से उठ खड़े हुए और कहा कि मैं माननीय सदस्य डेरेक ओ ब्रायन का नाम लेता हूं।

जिसके बाद निलंबन का प्रस्ताव सदन के नेता पीयूष गोयल (Piyush Goyal) ने पेश किया और उनके प्रस्ताव पर सभापति ने TMC सांसद को निलंबित कर दिया।
सदन के नेता पीयूष गोयल ने कहा, "सदन की कार्यवाही में लगातार खलल डालने, सभापति की बात न मानने और सदन में लगातार अशांति पैदा करने के लिए मैं डेरेक ओ ब्रायन के खिलाफ बाकी सत्र के लिए निलंबन का प्रस्ताव पेश करता हूं, जिसे आसन ने मंजूर कर लिया।"
इसके साथ ही सभापति धनखड़ ने राज्यसभा की कार्यवाही स्थगित कर दी।
AAP संसद संजय सिंह का भी हो चुका है निलंबन -
संसद के मानसून सत्र में यह पहला मौका नहीं है जब किसी सदस्य को राज्य सभा से पूरे सत्र के लिए निलंबित किया गया हो. इसके पहले आम आदमी पार्टी के सांसद संजय सिंह को भी राज्य सभा से पूरे सत्र के लिए निलंबित किया जा चुका है। आपको बता दें संसद का मानसून सत्र (Monsoon Session) 20 जुलाई से शुरू हुआ जो 11 अगस्त तक चलेगा। इस सत्र का अधिकांश हिस्सा हंगामे की भेंट चढ़ गया ।

विपक्षी गठबंधन I.N.D.I.A के सदस्यों ने मणिपुर के मुद्दे को लेकर प्रधानमंत्री के संसद में आकर बयान देने को लेकर अड़े रहे अब जबकि सदन का 3 दिन ही शेष मात्र रह गया है इस पर उम्मीद की जा रही है प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (Narendra Modi) उनके सरकार के खिलाफ I.N.D.I.A गठबंधन के सदस्यों द्वारा लाये गए अविश्वास प्रस्ताव (No confidence Motion) पर जवाब देते हुए मणिपुर के मन की बात करेंगे।
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