तृणमूल कांग्रेस सांसद इस्तीफा: राज्यसभा में बदलता समीकरण
तृणमूल कांग्रेस सांसद इस्तीफा: 20 जुलाई से प्रारंभ हो रहे मॉनसून सत्र से पहले राज्यसभा का समीकरण तेजी से बदल रहा है। पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव में तृणमूल कांग्रेस की हार के बाद पार्टी के राज्यसभा सदस्यों के इस्तीफे ने स्थिति को प्रभावित किया है। हाल ही में तृणमूल कांग्रेस की सांसद रुक्मिणी मलिक, जिन्हें कोयल मलिक के नाम से भी जाना जाता है, ने भी अपने पद से इस्तीफा दे दिया है।
इससे पहले सुखेंदु शेखर रॉय, सुष्मिता देव और प्रकाश चिक बड़ाईक ने भी राज्यसभा की सदस्यता से इस्तीफा दिया था। ये तीनों नेता 9 जुलाई को भाजपा में शामिल हो गए थे और पार्टी ने उन्हें 24 जुलाई को होने वाले राज्यसभा उपचुनाव के लिए उम्मीदवार बनाया है। बीजेपी के बढ़ते संख्या बल को देखते हुए उनकी जीत की संभावना काफी अधिक मानी जा रही है।
NDA की बढ़ती ताकत
राज्यसभा में भाजपा और उसके सहयोगी दलों की ताकत बढ़ने से NDA का कुल आंकड़ा 153 तक पहुंच सकता है। यह संख्या राज्यसभा में दो-तिहाई बहुमत के लिए आवश्यक 164 से केवल 11 सीट कम है। सरकार की रणनीति है कि वह दोनों सदनों में विपक्ष को नियंत्रित रखे ताकि उसके राजनीतिक और विधायी एजेंडों पर कोई बाधा न आए।
हालांकि, आने वाले दिनों में और भी सांसदों के इस्तीफे होने की संभावनाएं जताई जा रही हैं। यह इस्तीफे सरकार की संसदीय रणनीति का एक हिस्सा हैं, जिसका उद्देश्य पिछले सत्र में हुई चूक को भरना है।
कोयल मलिक का इस्तीफा
तृणमूल कांग्रेस सांसद इस्तीफा: कोयल मलिक (जो तृणमूल कांग्रेस की चौथी सांसद हैं) ने अपने पद से इस्तीफा देने के बाद भाजपा नेता भूपेंद्र यादव से मुलाकात की। इससे उनके भाजपा में शामिल होने की अटकलें तेज हो गई हैं। कोयल ने 3 अप्रैल को राज्यसभा सदस्य के रूप में शपथ ली थी और अब वह सबसे कम समय तक राज्यसभा में रहने वाली नेता बन गई हैं।
उनका कार्यकाल महज 105 दिन रहा, और उन्होंने एक दिन भी सदन की कार्यवाही में भाग नहीं लिया। इसके बाद उनकी भाजपा में संभावित भूमिका को लेकर चर्चा तेज हो गई है।
लोकसभा में भी तृणमूल का संकट
लोकसभा में भी ममता बनर्जी की पार्टी के सांसदों की संख्या घटकर केवल आठ रह गई है। हाल ही में 20 बागी सांसदों ने पार्टी छोड़कर एनसीपीआई का गठन किया है, जो अब NDA को समर्थन दे चुकी है। ऐसी अटकलें हैं कि तृणमूल कांग्रेस के कुछ और नेता भी पार्टी छोड़ सकते हैं।
एक बयान में कोयल ने कहा कि जो लोग केंद्रीय एजेंसियों के दबाव में हैं, वे खुशी-खुशी पार्टी छोड़ सकते हैं। उन्होंने कहा कि वह एक कलाकार के रूप में कोयल का सम्मान करती हैं और इस्तीफा देने के लिए उन्हें धन्यवाद दिया।
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