CJP की दिवाली पार्टी का आयोजन
विपक्ष के कुछ नेताओं और कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के बीच बढ़ती नजदीकी के संकेत मिल रहे हैं। CJP के नेता सौरभ दास ने आज दिवाली पार्टी का आयोजन किया है, जिसमें तृणमूल कांग्रेस (TMC) के नेता डेरेक ओ’ब्रायन और माकपा के राज्यसभा सांसद जॉन ब्रिटास समेत कई विपक्षी नेताओं को आमंत्रित किया गया है। इसे CJP और विपक्ष के एक वर्ग के बीच पहली महत्वपूर्ण बैठक के रूप में देखा जा रहा है।
इस कार्यक्रम की मेज़बानी CJP के सह-संयोजक और प्रवक्ता सौरभ दास करेंगे। वहीं, कॉकरोच जनता पार्टी के संस्थापक अभिजीत दीपके और सह-संयोजक आशुतोष रांका के भी शामिल होने की संभावना है, हालांकि इन दोनों ने इस पर कोई आधिकारिक बयान नहीं दिया है। इसके अतिरिक्त, आम आदमी पार्टी (AAP) के सांसद संजय सिंह और उनके कुछ सहयोगी भी इस समारोह में उपस्थित रह सकते हैं।
सियासी चर्चाओं की संभावना
दिवाली पार्टी में राजनीतिक चर्चा होने की भी संभावना जताई जा रही है। हिंदुस्तान टाइम्स की रिपोर्ट के अनुसार, वामपंथी दल के एक वरिष्ठ नेता ने बताया कि उनकी पार्टी के कुछ नेताओं को इस समारोह में शामिल होने का न्योता मिला है। उन्होंने यह भी कहा कि वर्तमान राजनीतिक हालात पर गंभीर चर्चा की जा सकती है।
यह मुलाकात ऐसे समय में हो रही है जब CJP और विपक्ष के बीच नजदीकी बढ़ने की चर्चा जोर पकड़ रही है। हाल के हफ्तों में, लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी की ओर से CJP नेतृत्व के प्रति सकारात्मक संकेत मिले हैं, जिससे दोनों पक्षों के बीच की दूरी कम होती नजर आ रही है।
राहुल गांधी का समर्थन और प्रतिक्रिया
राहुल गांधी के समर्थन के चलते CJP और विपक्ष के बीच संबंधों में बदलाव की शुरुआत मुख्य चुनाव आयुक्त (CEC) के खिलाफ विरोध प्रदर्शनों में हुई सार्वजनिक बयानबाजी से मानी जा रही है। राहुल गांधी ने कहा था कि CEC के खिलाफ समानांतर प्रदर्शन नहीं हो रहे हैं और CJP कार्यकर्ताओं की गिरफ्तारी की निंदा की। CJP ने 1 नवंबर को कांग्रेस के नेतृत्व वाले INDIA गठबंधन की रैली का समर्थन भी किया है।
राहुल गांधी ने जंतर-मंतर पर शांतिपूर्ण प्रदर्शन के दौरान CJP नेताओं सौरभ दास और आशुतोष रांका की गिरफ्तारी पर भी कड़ी प्रतिक्रिया दी थी। उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर लिखा था, 'जंतर-मंतर पर शांतिपूर्ण प्रदर्शन में तिरंगा लहराना कोई अपराध नहीं है। इसके लिए युवाओं को जेल में डालना कायरता है।' इस संदर्भ में उन्होंने नागरिकों के संवैधानिक अधिकारों की मांग को लेकर भी अपने विचार व्यक्त किए।
CJP का आभार और राजनीतिक समीकरण
CJP के संस्थापक अभिजीत दीपके ने राहुल गांधी की प्रतिक्रिया पर आभार व्यक्त किया था। उन्होंने गिरफ्तार कार्यकर्ताओं के समर्थन में हस्तक्षेप करने के लिए कांग्रेस नेता की सराहना की। यह घटनाक्रम इस दृष्टि से महत्वपूर्ण है कि इससे पहले राहुल गांधी ने इस संगठन से दूरी बनाए रखी थी।
इसके अतिरिक्त, 28 अक्टूबर को अभिजीत दीपके ने रामलीला मैदान में होने वाली विपक्ष की रैली का समर्थन किया था और कहा था, 'कॉकरोच जनता पार्टी 1 नवंबर को INDIA गठबंधन की रैली का समर्थन करती है। राष्ट्र सबसे ऊपर है।' यह सब दर्शाता है कि CJP और विपक्ष के बीच संबंधों में एक नई दिशा आ रही है।





