उमर अब्दुल्ला का चयन
जम्मू और कश्मीर के मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने स्पष्ट किया है कि वह प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के समक्ष विपक्ष का बेहतर नेता किसे मानते हैं। हाल ही में एक साक्षात्कार के दौरान, उन्होंने तीन नामों की सूची में से एक का चयन करने के लिए कहा गया था। इस सूची में पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी, लोकसभा सांसद राहुल गांधी, और आम आदमी पार्टी के संयोजक अरविंद केजरीवाल शामिल थे।
उमर अब्दुल्ला ने इस सूची में से राहुल गांधी को चुना। उन्होंने इसकी वजह भी स्पष्ट की और कहा, "भारत में केवल दो ऐसे दल हैं, जिनका पूरे देश में अस्तित्व है।" उन्होंने शुभांकर मिश्रा के पॉडकास्ट में कहा कि बाकी दलों को यह भ्रम है कि वे राष्ट्रीय नेता हैं, जबकि ऐसा नहीं है।
राहुल गांधी को बेहतर विकल्प मानते हैं
उमर अब्दुल्ला ने कहा, "राहुल गांधी। भारत में सिर्फ दो राजनीतिक पार्टियां हैं जिनका पूरे देश में प्रभाव है, वह हैं कांग्रेस और भाजपा। अन्य दल केवल भ्रम में जीते हैं कि वे राष्ट्रीय नेता हैं।" उन्होंने यह भी कहा कि उनकी पार्टी, नेशनल कॉन्फ्रेंस, केवल जम्मू और कश्मीर तक सीमित है और इसे राष्ट्रीय पार्टी नहीं माना जा सकता।
उन्होंने कहा, "हम तब ही राष्ट्रीय नेता कहलाएंगे जब हमारी पार्टी राष्ट्रीय होगी। मैं स्वयं को राष्ट्रीय नेता नहीं मानता, बल्कि मैं जम्मू और कश्मीर तक सीमित हूं। राहुल गांधी एक राष्ट्रीय पार्टी का हिस्सा हैं, जो उन्हें एक विशेष लाभ देती है।"
राहुल गांधी की प्रशंसा
उमर अब्दुल्ला ने राहुल गांधी की प्रशंसा करते हुए कहा कि जब उनसे पूछा गया कि राहुल बेहतर नेता हैं या इंसान, तो उन्होंने उत्तर दिया, "वह बेहतर इंसान हैं, और एक कुशल राजनेता भी हैं।" उन्होंने राहुल गांधी के जनता से मिलने और संवाद करने के तरीके की तारीफ की।
उन्हें लगता है कि राहुल गांधी का राजनीतिक ग्राफ हाल के समय में बढ़ा है। उन्होंने कहा, "यह सच है और इससे इनकार नहीं किया जा सकता।" इसके अलावा, उन्होंने बताया कि अब सरकार राहुल गांधी को गंभीरता से ले रही है। हाल ही में विपक्षी गठबंधन ने दिल्ली में प्रदर्शन किया था।
राजनीतिक स्थिति
जम्मू और कश्मीर विधानसभा में 90 सीटें हैं, जहां उमर अब्दुल्ला की नेशनल कॉन्फ्रेंस सबसे बड़ी पार्टी है, हालांकि उनके पास पूर्ण बहुमत नहीं है। उनकी पार्टी के पास 41 विधायक हैं और राज्य में एनसी कांग्रेस और अन्य छोटे दलों के साथ मिलकर सरकार चला रही है।
इस समय, जम्मू और कश्मीर में पूर्ण राज्य के दर्जे का मुद्दा गरमाया हुआ है। इसके साथ ही अटकलें भी हैं कि नेशनल कॉन्फ्रेंस में कुछ असंतोष हो सकता है, हालांकि पार्टी के नेता इससे इनकार कर रहे हैं।





